धरहरा में पंचायत समिति की बैठक में बिजली, स्वास्थ्य और आंगनबाड़ी का मुद्दा उठा
आंगनबाड़ी केंद्रों के भवन निर्माण और लकड़कोला विद्यालय के स्थायी भवन की मांग, स्वास्थ्य केंद्रों की राशि की जांच के लिए बनेगी टीम
संवाददाता चन्दन कुमार।
धरहरा प्रखंड मुख्यालय स्थित सभागार में बुधवार को पंचायत समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में क्षेत्र की विभिन्न विकास योजनाओं के साथ शिक्षा, बिजली, स्वास्थ्य और सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन से जुड़े मुद्दों पर पंचायत समिति सदस्यों ने चर्चा की। सदस्यों ने ग्रामीण क्षेत्रों की समस्याओं को अधिकारियों के सामने रखते हुए उनके समाधान की मांग की।
बैठक के दौरान कई आंगनबाड़ी केंद्रों के पास अपना भवन नहीं होने का मामला सामने आया। पंचायत समिति सदस्यों ने कहा कि भवन के अभाव में आंगनबाड़ी केंद्रों के संचालन में परेशानी होती है। बच्चों और सेविकाओं को भी समस्याओं का सामना करना पड़ता है। सदस्यों ने संबंधित केंद्रों के लिए स्थायी भवन निर्माण कराने की मांग की।
सामुदायिक भवन में संचालित हो रहा विद्यालय
प्राथमिक विद्यालय लकड़कोला के भवन निर्माण का मुद्दा भी बैठक में उठाया गया। सदस्यों ने बताया कि विद्यालय वर्तमान में सामुदायिक भवन में संचालित किया जा रहा है। स्थायी विद्यालय भवन के अभाव में विद्यार्थियों के पठन-पाठन पर असर पड़ रहा है। सदस्यों ने विद्यालय के लिए जल्द से जल्द भवन निर्माण कराने की मांग की।
बिजली आपूर्ति को लेकर सदस्यों ने जताई नाराजगी
बैठक में बिजली व्यवस्था को लेकर भी पंचायत समिति सदस्यों ने अपनी समस्याएं रखीं। सदस्यों का कहना था कि विद्युत आपूर्ति में समस्या आने पर विभाग के कनीय अभियंता रोहित कुमार से संपर्क करने का प्रयास किया जाता है, लेकिन कई बार फोन पर संपर्क नहीं हो पाता। इससे बिजली संबंधी समस्याओं के समाधान में ग्रामीणों को परेशानी होती है।
सदस्यों ने बताया कि धरहरा थाना को ग्रिड से सीधे बिजली आपूर्ति की व्यवस्था है, जबकि प्रखंड मुख्यालय को ऐसी सुविधा उपलब्ध नहीं है। बिजली आपूर्ति बाधित होने पर प्रखंड कार्यालयों के कामकाज पर भी असर पड़ता है। सदस्यों ने प्रखंड मुख्यालय को ग्रिड से सीधे बिजली उपलब्ध कराने की मांग की।
स्वास्थ्य केंद्रों में सरकारी राशि के उपयोग की होगी जांच
पंचायत क्षेत्र के स्वास्थ्य केंद्रों को सरकार की ओर से मिलने वाली वार्षिक राशि के उपयोग का मामला भी बैठक में चर्चा का विषय रहा। पंचायत समिति सदस्यों ने राशि के उपयोग में अनियमितता की आशंका जताते हुए जांच कराने की मांग की।
मामले पर बीडीओ रश्मि भारती ने कहा कि स्वास्थ्य केंद्रों की जांच के लिए टीम गठित की जाएगी। टीम द्वारा स्वास्थ्य केंद्रों में उपलब्ध सुविधाओं और सरकारी राशि के उपयोग की स्थिति की जांच की जाएगी। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
योजनाओं के शिलापट्ट पर पंसस का नाम अंकित कराने की मांग
उप प्रमुख नीरज यादव ने पंचायत समिति फंड से कराए जाने वाले विकास कार्यों के शिलापट्ट पर संबंधित पंचायत समिति सदस्य का नाम अंकित नहीं किए जाने का मुद्दा उठाया।
उन्होंने कहा कि कई योजनाओं के शिलापट्ट पर ग्रामीणों या राजनीतिक दलों से जुड़े लोगों के नाम अंकित कर दिए जाते हैं, जबकि संबंधित कार्य में पंचायत समिति फंड का उपयोग होता है। उन्होंने मांग की कि पंचायत समिति फंड से संचालित योजनाओं के शिलापट्ट पर संबंधित पंसस का नाम भी नियमानुसार अंकित किया जाए।
बैठक में प्रमुख पल्लवी भारती, बीडीओ रश्मि भारती, सीओ वीरेंद्र कुमार, पीओ कुमार सुंदरम, सीडीपीओ अमृता रंजन, श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी हिमांशु कुमार, पीएचईडी के विनीत कुमार, मुखिया करमी देवी, अरुण कुमार साहु सहित अन्य जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे।
रिपोर्ट: चन्दन कुमार| धरहरा

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